बिहार में दो नई यूनिवर्सिटी को कैबिनेट की मंजूरी, पटना और बेगूसराय में खुलेगी नई यूनिवर्सिटी
पटना: बिहार में उच्च शिक्षा के क्षेत्र में विस्तार की दिशा में एक बड़ा फैसला लिया गया है। राज्य मंत्रिमंडल ने पटना और बेगूसराय में दो नई यूनिवर्सिटी स्थापित करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। पटना में माता सीता महिला विश्वविद्यालय और बेगूसराय में राष्ट्रकवि रामधारी सिंह दिनकर विश्वविद्यालय की स्थापना की जाएगी।
दोनों विश्वविद्यालयों की स्थापना बिहार विशिष्ट विश्वविद्यालय अधिनियम, 2026 के तहत की जाएगी। इस फैसले के बाद संबंधित जिलों के विद्यार्थियों के लिए उच्च शिक्षा के नए अवसर खुलने की उम्मीद है।

पटना में बनेगी माता सीता महिला यूनिवर्सिटी
पटना में प्रस्तावित माता सीता महिला विश्वविद्यालय छात्राओं के लिए उच्च शिक्षा का एक नया संस्थागत केंद्र होगा। विश्वविद्यालय की स्थापना का उद्देश्य महिला विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के बेहतर अवसर उपलब्ध कराना और शैक्षणिक सुविधाओं का विस्तार करना है।
नई यूनिवर्सिटी की स्थापना के लिए 15 करोड़ रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई है। इस राशि का इस्तेमाल विश्वविद्यालय की शुरुआती प्रशासनिक जरूरतों, अधिकारियों और कर्मचारियों के वेतन तथा अन्य आवश्यक खर्चों में किया जाएगा।
प्रस्तावित विश्वविद्यालय के अंतर्गत पटना जिले के संबंधित महिला कॉलेजों को शामिल किया जाएगा। हालांकि, पटना विश्वविद्यालय से संबद्ध महिला कॉलेज इसके क्षेत्राधिकार में शामिल नहीं होंगे।
बेगूसराय में खुलेगी दिनकर यूनिवर्सिटी
बेगूसराय में राष्ट्रकवि रामधारी सिंह दिनकर विश्वविद्यालय की स्थापना की जाएगी। विश्वविद्यालय का नाम प्रसिद्ध हिंदी साहित्यकार और राष्ट्रकवि रामधारी सिंह दिनकर के नाम पर रखा गया है, जिनका संबंध बेगूसराय क्षेत्र से रहा है।
दिनकर विश्वविद्यालय के लिए भी 15 करोड़ रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई है। इस राशि का इस्तेमाल विश्वविद्यालय की स्थापना से जुड़े शुरुआती कार्यों और प्रशासनिक खर्चों के लिए किया जाएगा।
इस विश्वविद्यालय का क्षेत्राधिकार बेगूसराय और खगड़िया जिले के संबंधित कॉलेजों तक होगा। इससे दोनों जिलों के विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय स्तर की पढ़ाई के लिए एक नया विकल्प मिल सकेगा।
छात्रों के लिए बढ़ेंगे उच्च शिक्षा के विकल्प
दो नई यूनिवर्सिटी की स्थापना से बिहार में उच्च शिक्षा के संस्थानों का विस्तार होगा। खासकर बेगूसराय और खगड़िया के विद्यार्थियों को अपने क्षेत्र के आसपास उच्च शिक्षा के लिए नया विकल्प मिलने की उम्मीद है।
वहीं पटना में महिला विश्वविद्यालय की स्थापना से छात्राओं के लिए उच्च शिक्षा का एक अलग संस्थागत मंच तैयार होगा। इससे आगे चलकर स्नातक, स्नातकोत्तर, शोध और अन्य शैक्षणिक कार्यक्रमों के अवसर विकसित किए जा सकते हैं।
हालांकि, दोनों विश्वविद्यालयों में कौन-कौन से पाठ्यक्रम शुरू होंगे, प्रवेश प्रक्रिया कब शुरू होगी और पहली कक्षा किस शैक्षणिक सत्र से शुरू होगी, इसकी विस्तृत जानकारी अभी सामने आना बाकी है।
शिक्षा के क्षेत्र में बढ़ेगा संस्थागत ढांचा
बिहार में उच्च शिक्षा के विस्तार को लेकर लगातार नए संस्थानों और सुविधाओं की जरूरत महसूस की जाती रही है। ऐसे में दो नई यूनिवर्सिटी की स्थापना से संबंधित क्षेत्रों में शिक्षा का प्रशासनिक और शैक्षणिक ढांचा मजबूत हो सकता है।
बेगूसराय में दिनकर के नाम पर विश्वविद्यालय की स्थापना से क्षेत्र के साहित्यिक और शैक्षणिक महत्व को भी नई पहचान मिल सकती है। वहीं पटना में महिला विश्वविद्यालय बनने से छात्राओं के लिए उच्च शिक्षा का एक विशेष संस्थान उपलब्ध होगा।
दोनों विश्वविद्यालयों के लिए 15-15 करोड़ रुपये
नई यूनिवर्सिटी की स्थापना के लिए सरकार ने दोनों संस्थानों के लिए 15-15 करोड़ रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति दी है। शुरुआती चरण में इस राशि का इस्तेमाल प्रशासनिक व्यवस्था तैयार करने, अधिकारियों एवं कर्मचारियों की नियुक्ति से जुड़े खर्च और अन्य आवश्यक कार्यों में किया जाएगा।
आगे विश्वविद्यालयों के स्थायी ढांचे, विभागों, पाठ्यक्रमों और अन्य शैक्षणिक सुविधाओं को विकसित करने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
अब आगे क्या होगा?
कैबिनेट से मंजूरी मिलने के बाद अब दोनों विश्वविद्यालयों की स्थापना से जुड़े प्रशासनिक और शैक्षणिक कार्य आगे बढ़ेंगे। विश्वविद्यालयों के लिए अधिकारियों की नियुक्ति, प्रशासनिक ढांचा, विभागों का गठन और पाठ्यक्रम तैयार करने जैसे कार्य किए जा सकते हैं।
विद्यार्थियों के लिए सबसे महत्वपूर्ण जानकारी प्रवेश प्रक्रिया और पढ़ाई शुरू होने की तारीख को लेकर होगी। इस संबंध में आधिकारिक घोषणा होने के बाद छात्रों को नई यूनिवर्सिटी में उपलब्ध पाठ्यक्रमों और दाखिले की प्रक्रिया की जानकारी मिल सकेगी।
बिहार में उच्च शिक्षा के लिए नया कदम
पटना और बेगूसराय में दो नई यूनिवर्सिटी की स्थापना को बिहार में उच्च शिक्षा के विस्तार की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इससे आने वाले समय में विद्यार्थियों को नए शैक्षणिक विकल्प मिल सकते हैं और संबंधित जिलों में उच्च शिक्षा का दायरा बढ़ सकता है।
अब लोगों की नजर इस बात पर रहेगी कि दोनों विश्वविद्यालयों में शैक्षणिक गतिविधियां कब शुरू होती हैं और विद्यार्थियों के लिए कौन-कौन से नए पाठ्यक्रम उपलब्ध कराए जाते हैं।
बिहार नई यूनिवर्सिटी: मुख्य बातें
- पटना में माता सीता महिला विश्वविद्यालय स्थापित होगी।
- बेगूसराय में राष्ट्रकवि रामधारी सिंह दिनकर विश्वविद्यालय बनेगा।
- दोनों विश्वविद्यालयों के लिए 15-15 करोड़ रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति।
- दिनकर विश्वविद्यालय का क्षेत्राधिकार बेगूसराय और खगड़िया के संबंधित कॉलेजों तक होगा।
- माता सीता महिला विश्वविद्यालय के अंतर्गत पटना के संबंधित महिला कॉलेज आएंगे।
- दोनों विश्वविद्यालय बिहार विशिष्ट विश्वविद्यालय अधिनियम, 2026 के तहत स्थापित किए जाएंगे।
- प्रवेश और पाठ्यक्रम से जुड़ी विस्तृत जानकारी आगे जारी की जाएगी।

